पावर सेक्टर की सरकारी कंपनी IREDA (Indian Renewable Energy Development Agency) के शेयर पर इस समय बाजार की नजरें टिकी हुई हैं। कंपनी ने सितंबर तिमाही (Q2FY26) के जबरदस्त नतीजे घोषित किए हैं, जिसके बाद ब्रोकरेज फर्मों ने स्टॉक पर ‘बाय’ की रेटिंग बरकरार रखी है। खबर लिखे जाने के दौरान IREDA Share Price लगभग 2% की तेजी के साथ ₹157 के स्तर पर कारोबार कर रहा था। पिछले एक हफ्ते में इस सरकारी कंपनी के शेयर में करीब 6% की बढ़त देखने को मिली है।
शानदार नतीजों से बढ़ा भरोसा
IREDA ने सितंबर तिमाही में बेहतरीन प्रदर्शन किया है। कंपनी का रेवेन्यू सालाना आधार पर 26% बढ़कर ₹2,057 करोड़ तक पहुंच गया, जबकि नेट प्रॉफिट में 42% की छलांग लगाकर यह ₹549 करोड़ पर पहुंच गया। ऑपरेटिंग प्रॉफिट भी 54% बढ़कर ₹776 करोड़ रहा। कंपनी की असेट क्वॉलिटी भी बेहतर हुई है। Q2FY26 में ग्रॉस NPA 3.97% रहा, जो जून तिमाही में 4.13% था। वहीं नेट NPA 1.97% पर आ गया, जो पिछले साल 1.04% था। इसके साथ ही नेट इंटरेस्ट मार्जिन बढ़कर 3.72% हो गया, जो एक साल पहले 3.34% था।
ब्रोकरेज ने दी खरीदारी की सलाह
ICICI Direct ने IREDA के शेयर पर बुलिश रुख अपनाते हुए इसे ‘बाय’ की सलाह दी है और ₹200 का टारगेट प्राइस तय किया है। ब्रोकरेज के अनुसार यह टारगेट कंपनी के 3.4x FY27E बुक वैल्यू और 24x FY27E EPS पर आधारित है। पिछले सत्र में IREDA का शेयर ₹154 पर बंद हुआ था, जबकि इसका 52 हफ्तों का हाई ₹235 और लो ₹137 रहा है। यानी मौजूदा स्तर से इसमें अब भी अच्छा अपसाइड पोटेंशियल मौजूद है।
IREDA का बिजनेस मॉडल
IREDA एक Navratna PSU और भारत सरकार की स्वामित्व वाली वित्तीय संस्था है, जो मुख्य रूप से पावर और रिन्यूएबल एनर्जी प्रोजेक्ट्स को फाइनेंस करती है। कंपनी सोलर, विंड, हाइड्रो, बायोमास, ट्रांसमिशन और इथेनॉल प्रोजेक्ट्स को फंडिंग देती है। हाल के वर्षों में IREDA ने अपने व्यवसाय का विस्तार करते हुए बैटरी एनर्जी स्टोरेज सिस्टम, इलेक्ट्रिक व्हीकल एंड चार्जिंग इन्फ्रास्ट्रक्चर, ग्रीन हाइड्रोजन, पंप्ड स्टोरेज सिस्टम, स्मार्ट मीटर और RE कंपोनेंट मैन्युफैक्चरिंग जैसे क्षेत्रों में भी एंट्री की है।
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ग्रोथ के पीछे की रणनीति
कंपनी के लिए आने वाले वर्ष बेहद महत्वपूर्ण हो सकते हैं। भारत सरकार ने 2030 तक रिन्यूएबल एनर्जी कैपेसिटी को 227 GW से बढ़ाकर 500 GW करने का लक्ष्य रखा है। इससे पावर फाइनेंस कंपनियों, खासकर IREDA के लिए बड़े अवसर खुलेंगे। विशेषज्ञों का मानना है कि कंपनी की बिजनेस ग्रोथ FY26–FY27 के दौरान 26–28% CAGR तक बनी रह सकती है।
IREDA की AUM (Assets Under Management) में भी लगभग 31% की सालाना वृद्धि देखी जा रही है। वहीं क्रेडिट कॉस्ट में गिरावट और असेट क्वॉलिटी में सुधार से कंपनी की प्रॉफिटेबिलिटी और मजबूत हुई है। Q1FY26 में जहां क्रेडिट कॉस्ट ₹363 करोड़ थी, वहीं अब यह घटकर ₹70 करोड़ रह गई है।
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